कितना वक़्त गुज़र गया।यही 27 जुलाई थी की आप एक झटके में हमे छोड़ गए।आज मैं दिल से कमज़ोर हो गया हूँ।आँखे तो पहले ही बेजान हो चुकी हैं।आपको टूटकर याद कर रहा हूँ।कई जगह आपपर बोलने के लिए बुलाया गया है।मुझे नही पता की मैं आप पर बोल पाउँगा।जब आपसे मिला था तो यक़ीन नही था की उन यादों को इतनी बार लिखना कहना पड़ेगा।मेरे पास कुछ नही है की मैं आप पर बड़े बड़े प्रोग्राम कर पाऊँ।मैं सिसक कर रहा जा रहा हूँ की आज मेरे सबकुछ की पुण्यतिथि है मगर मैं खुद उसको याद नही कर पा रहा हूँ।गुज़री रात आपके तस्वीर के साथ गुज़री थी।इतनी बार उसपर हाथ फेरा था की उंगलियो को आपके उलझे बाल महसूस होने लगे थे।मैं पिछले कई दिन से आपसे मिलता रहा हूँ।आपकी छोटी छोटी आँखे मुझे बड़ा परेशान करती हैं।जब मैं कहता हूँ की कुछ नही हो सकता हैं तब आप सख्त हो जाते हैं।मुझे कामचोर कह कर डाँटते हैं।मैं फिर खड़ा हो जाता हूँ।कलाम साहब,नही नही मेरे कलाम,आज आपको सब याद करेंगे।इस याद के सिलसिले में मुझ गरीब की याद बड़ी मामूली सी,फीकी सी है।लेकिन हमे पता है आप सारा लावलश्कर छोड़कर मेरी यादों में ही आएँगे।डॉक्टर साहब मैं कह नही सकता आप महसूस तो कर ही रहे होंगे की हमे क्या चाहिए।आपके जाने के बाद हम सब बेहद अकेले हो गए हैं।इस अकेलेपन ने हमे अक्खड़ और बदतमीज़ बना दिया है।आज जब आप मेरे पास आइयेगा तो हमे बताइयेगा दिल मासूम कैसे होता है।हमे मिज़ाइल नही जाननी, हमे बताइयेगा मोहब्बत कैसे होती है।हमे उड़ने की नही पहले चलने की ट्रेनिंग दीजियेगा।आपका के 2020 भारत का सपना धुन्धला न हो इसलिए हम सब लाइन लगाएं खड़े हैं।इन खड़े लोगों को एक साथ मोहब्बत से खड़े होने की दुआ दीजिये कलाम।कलाम मैं, हाँ मैं, बिलकुल अकेला,टुटा हुआ हूँ।बस एक आप हैं जो ऊपर से मुझे जोड़े हुए हैं।आखरी बात या तो वापिस आ जाइये नही तो हमे बुला लीजिये।मुझपर 27 जुलाई कयामत की तरह गुज़रती है।मैं बर्दाश्त नही कर पाता हूँ यह दिन।मेरे कलाम।©
कुछ किस्से हमारे जिस्म के साथ दफ़न हो जाएँगे .मेरे जाने के बाद सिर्फ वही रह जाएगा जो दिमाग की खुराफात ने उपजा कर शब्दों में ढाला था.इसलिए जरूरी हो जाता है दिमाग में चलने वाली इन आम से ख़ास खुराफातों को कहीं न कहीं उकेर दिया जाए.अब हम पत्थरों पर शिलालेख लिख नही सकते.जानवरों की खालों,पेड़ की छालों या खंडहर की दीवारों पर कोई अभिलेख लिख नही सकते तो यहाँ आ गए.ब्लोगर पर,अपने दिमाग को दर्ज करवाने....
Tuesday, July 26, 2016
कलाम
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